जयपुर से एक सार्थक और बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ लघु उद्योग भारती (एलयूबी) और वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) के बीच तकनीकी सहयोग और उद्यमिता संवर्धन को लेकर एक महत्वपूर्ण संवाद कार्यक्रम आयोजित हुआ। एलयूबी द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर शुरू की गई इस पहल के तहत, देशभर में सीएसआईआर की लैब्स में विकसित नवीन तकनीकों और उत्पादों को कम लागत में एमएसएमई उद्यमियों तक पहुंचाने का उद्देश्य रखा गया है। इसी कड़ी में आज जयपुर के सीएसआईआर-सीरी (पिलानी) के कैंपस में राजस्थान के 25 उद्यमियों को आमंत्रित कर वैज्ञानिकों के साथ संवाद कराया गया। इस दौरान कई उन्नत तकनीकों जैसे वेस्ट रीसायकलिंग, रियल-टाइम यूरिन टेस्टिंग डिवाइस, बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक ग्रेडिंग मशीन, लैब ग्रोन डायमंड टेक्नोलॉजी, मिल्क टेस्टिंग मशीन, दृष्टिहीनों के लिए स्मार्ट चश्मे, दिव्यांगों के लिए ट्राईसाईकल और ड्रोन टेक्नोलॉजी पर चर्चा हुई, और इनमें से कई तकनीकों को टेक्नोलॉजी ट्रांसफर (टीओटी) के लिए चिन्हित भी किया गया। एलयूबी जयपुर अंचल अध्यक्ष श्री महेंद्र मिश्रा ने बताया कि संगठन का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक युवा इन तकनीकों को अपनाकर अपना उद्यम शुरू करें और राष्ट्र की अर्थव्यवस्था को मजबूती दें। उन्होंने यह भी बताया कि इससे पूर्व लघु उद्योग भारती ने सीएसआईआर की 27 प्रयोगशालाओं में 100 दिनों के भीतर 100 टेक्नोलॉजी ट्रांसफर का रिकॉर्ड स्थापित किया है। यह संयुक्त प्रयास निश्चित ही तकनीक आधारित उद्यमिता को बढ़ावा देने और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक सशक्त कदम है।

