लघु उद्योग भारती जोधपुर प्रांत एवं केन्द्रीय वस्तु एवं सेवाकर (CGST) आयुक्तालय, जोधपुर के संयुक्त तत्वावधान में “GST कॉन्क्लेव – उपलब्धियाँ, चुनौतियाँ और भविष्य का रोडमैप” विषय पर एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उद्योगों से जुड़े कराधान से संबंधित प्रमुख विषयों पर विशेषज्ञ वक्ताओं ने विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम की शुरुआत CGST जोधपुर के अतिरिक्त आयुक्त श्री महिपाल सिंह (IRS) द्वारा अतिथियों के स्वागत के साथ हुई। डॉ. ज्ञानेंद्र त्रिपाठी (IRS) ने “GST – एकीकृत एवं सरलीकृत कर प्रणाली” पर व्याख्यान देते हुए इसके प्रभाव का विश्लेषण प्रस्तुत किया। एडवोकेट आशीष माहेश्वरी ने व्यापार में सुगमता और डिजिटल टैक्सेशन जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं को साझा किया। सीए अर्पित हल्दिया ने इनपुट टैक्स क्रेडिट और इनवॉइस वितरण प्रणाली पर चर्चा की, जबकि सीए आकाश फोफलिया ने GST अपीलीय न्यायाधिकरण की कार्यप्रणाली और भविष्य की संभावनाओं पर विचार रखे। सीए प्रदीप जैन ने GST न्यायशास्त्र, ऐतिहासिक निर्णयों और कानूनी व्याख्याओं को प्रस्तुत किया। श्री मुकेश कटारिया (IRS) ने GST ऑडिट, मुकदमेबाजी के रुझान और सर्वोत्तम प्रथाओं पर जानकारी साझा की।
कार्यक्रम में उद्यमियों की ओर से श्री महावीर चौपड़ा (प्रांत अध्यक्ष) एवं श्री प्रकाश जीरावला (अध्यक्ष, राजस्थान स्टेनलेस स्टील एसोसिएशन) ने GST से जुड़ी व्यावहारिक समस्याएं सामने रखीं। कार्यशाला में जोधपुर प्रदेश उपाध्यक्ष श्री अनिल अग्रवाल, प्रांत उपाध्यक्ष श्री दीपक माथुर, प्रांत संयुक्त महासचिव श्री सुरेशकुमार विश्नोई, प्रांत सचिव श्री पंकज लोढ़ा, जोधपुर महानगर अध्यक्ष श्री पंकज भंडारी, सचिव श्री राकेश चौरड़िया, बोरानाडा सचिव श्री थानाराम चौधरी, सदस्य श्री किशोर हरवानी, श्री रोहित जैन तथा कई कर सलाहकार एवं सीए समुदाय के सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन सहायक आयुक्त श्री देवानंद धावा (IRS) द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। यह कार्यशाला उद्योगों और कर अधिकारियों के बीच संवाद का एक सार्थक और उपयोगी मंच सिद्ध हुई।

