नीट यूनिवर्सिटी और लघु उद्योग भारती के संयुक्त प्रयास: इनक्यूबेशन सेंटर और स्किल डेवलपमेंट पर विशेष बैठक
आज नीट यूनिवर्सिटी में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें असिस्टेंट डायरेक्टर श्री गिरीश शर्मा, MSME और लघु उद्योग भारती नीमराणा के प्रतिनिधियों ने मिलकर इनक्यूबेशन सेंटर के स्थान निर्धारण और MSME क्षेत्र में नवाचार को प्रोत्साहित करने के मुद्दों पर चर्चा की। इस बैठक का उद्देश्य क्षेत्रीय विकास और उद्योग-शिक्षा के बीच सहयोग को बढ़ावा देना था।
बैठक में प्रमुख उपस्थिति
इस बैठक में नीट यूनिवर्सिटी के प्रेसिडेंट प्रो. प्रकाश गोपालन, मेजर जनरल अशोक कुमार सिंह, डॉ. विकास उपाध्याय, और प्रोफेसर गुरेंद्र भारद्वाज ने अपनी सक्रिय भागीदारी निभाई।
बैठक का मुख्य एजेंडा इनक्यूबेशन सेंटर के लिए उपयुक्त स्थान का चयन, क्षेत्रीय उद्योगों को बढ़ावा देने की रणनीतियों पर विचार और छोटे उद्योगों के लिए नई संभावनाओं की तलाश रहा।
स्किल और स्टार्टअप अवेयरनेस कार्यक्रम की घोषणा
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि नीट यूनिवर्सिटी, लघु उद्योग भारती और MSME के सहयोग से स्किल डेवलपमेंट और स्टार्टअप अवेयरनेस कार्यक्रम आयोजित करने के लिए अपने कैंपस को उपलब्ध कराएगी। इन कार्यक्रमों में विशेषज्ञों की मदद से प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा, जिससे युवाओं और उद्यमियों को नई पहल शुरू करने में सहायता मिलेगी।
उद्योग-शिक्षा सहयोग की पहल
लघु उद्योग भारती के प्रतिनिधियों ने नीट यूनिवर्सिटी के इस प्रयास की सराहना की और उद्योग और शिक्षा क्षेत्र के बीच मजबूत साझेदारी के महत्व को रेखांकित किया। इस सहयोग से न केवल स्थानीय उद्योगों को लाभ होगा, बल्कि यह नीमराणा क्षेत्र में रोजगार सृजन और नए उद्यमों को बढ़ावा देने में सहायक साबित होगा।
विशेष अतिथियों की भागीदारी
इस बैठक में लघु उद्योग भारती के प्रदेश कार्यकारिणी मेंबर के.के. यादव ने अध्यक्षता की। नीमराणा इकाई सचिव सुनील कुमार जुनेजा, इकाई महासचिव उमेश शर्मा, और बहरोड़ इकाई के कोषाध्यक्ष मनोज अग्रवाल की भी उपस्थिति रही। कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष शशांक भारद्वाज ने कार्यक्रम की सफलता की शुभकामनाएं दीं।
यह पहल भविष्य में क्षेत्रीय विकास, नवाचार, और युवा उद्यमियों के लिए नए अवसरों का निर्माण करने में मील का पत्थर साबित होगी।

