लघु उद्योग भारती के स्थापना दिवस पर शुक्रवार को कांगली रोड स्थित एक निजी प्रतिष्ठान में लघु उद्योग भारती उत्तराखंड की ओर से बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए संगठन के प्रांत सचिव राजीव गोयल ने संगठन के इतिहास पर प्रकाश डाला।
इस दौरान उन्होंने कहा लघु उद्योग भारती 1994 में स्थापित भारत में सूक्ष्म और लघु उद्योगों का एक पंजीकृत अखिल भारतीय संगठन है। पूरे देश में 250 शाखाओं के साथ 400 से अधिक जिलों में इसकी सदस्यता है। वर्तमान में इस संगठन के करीब 50 हजार सदस्य हैं। संगठन का लगातार विस्तार किया जा रहा है। और पलायन रोकने के लिए पहाड़ों पर भी उद्योग स्थापित किए जा रहे हैं। संगठन के प्रांत उपाध्यक्ष प्रदीप खंडूड़ी ने कहा कि संगठन का उददेश्य बेहतर उद्यमी, कार्यकर्ता और ग्राहक संबंधों के लिए अनुकूल वातावरण बनाना है। इसके लिए प्रदेश कार्यकारिणी धरातल पर काम कर रही है। भाजपा के लघु उद्योग प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक राहुल देव दंड ने कहा कि लघु उद्योग भारती, उत्तराखंड में पलायन रोकने और अधिक से अधिक रोजगार के अवसर उत्पन करने के लिए सरकार के साथ मिलकर काम कर रही है।
संगठन के जिला महामंत्री कंवलजीत शर्मा ने कहा कि संगठन पदाधिकारी पहाड़ों पर भी छोटे छोटे उद्योग लगाने के लिए लोगों को प्रेरित कर रहा है। इसके लिए प्रदेश के प्रत्येक जिले में बैठके आयोजित की जा रही हैं। जिनमें उद्यमियों की समस्याओं को सुनकर निराकरण के लिए कार्यकारिणी काम कर रही है।
प्रदेश बैठक में उपस्थित सभी उद्यमियों का प्रदेश कोषाध्यक्ष मंयक गर्ग ने आभार जताया। इस दौरान प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य राजेश जायसवाल, । संपर्क प्रमुख राजेश शर्मा, देहरादून जिला ग्रामीण क्षेत्र के महामंत्री रमेश सल्ल आदि मौजूद रहे।