भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) के 78वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में बीआईएस राजस्थान की ओर से बुधवार को जयपुर में 'इंडस्ट्री कॉन्क्लेव' का आयोजन किया गया। होटल हॉलिडे-इन में आयोजित कार्यक्रम के उद्घाटन उद्बोधन में मुख्य अतिथि राजस्थान चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष डॉ. के. एल. जैन ने कहा कि उत्पादों की गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए मानकीकरण बेहद आवश्यक प्रक्रिया है। इसके लिए जरूरी है कि सभी औद्योगिक संगठन उनसे जुड़े। सभी प्रकार के उद्योगों को बीआईएस लाइसेंस लेने, मानक संवर्धन में सहयोग करने और गुणवत्तापूर्ण उत्पाद बाजार में उतारने के लिए प्रेरित करें। उद्योग जगत से जुड़े हम सभी लोग प्रण लें कि हम इंडस्ट्री में ड प्रोडक्ट बनाएंगे तो भारतीय मानकों के आधार पर बनाएंगे।
इस अवसर पर बीआईएस •राजस्थान की निदेशक और प्रमुख कनिका कालिया ने कहा कि न विश्वस्तरीय मानक बनाने में इंडिस्ट्रियल एसोसिएशन की भागीदारी अहम है।
उद्योगपति आसानी से 5 मानकीकरण की प्रक्रिया से जुड़ सकें इसके लिए भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा विभिन्न नवाचार किए गए है और लाइसेंस लेने की प्रक्रियाओं को आसान बनाया गया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में बीआईएस राजस्थान के क्षेत्राधिकार में 2700 से अधिक उत्पाद प्रमाणन लाइसेंस क्रियाशील हैं। यह कार्यक्रम मुख्य रूप से गैर-लाइसेंसधारी उद्योगों के लिए आयोजित किया गया है ताकि विभिन्न उत्पाद निर्माता एवं उत्पादक बीआईएस से जुड़ते हुए अपने उत्पादों को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता के स्तर तक ले जा सकें।
कार्यक्रम में उद्योग जगत के दिग्गज पीएचडी चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज, राजस्थान चैप्टर के चेयरमैन दिग्विजय ढाबरिया, प्लास्टिक मैन्यूफैक्चरर्स एसोसिएशन राजस्थान के प्रेसीडेंट श्रवण शर्मा, फैडरेशन ऑफ राजस्थान ट्रेड एंड इंडस्ट्री के एग्ज्यूकेटिव प्रेसीडेंट डॉ. अरुण अग्रवाल, लघु उद्योग भारती राजस्थान, जयपुर चैप्टर के प्रेसीडेंट सुधीर कुमार गर्ग और लघु उद्योग भारती जयपुर प्रांत महामंत्री सुनीता शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। ढाबरिया ने पीएचडीसीसीआई के माध्यम से संबद्ध उद्योगों में मानकीकरण और गुणवत्ता संवर्धन को बढ़ावा दिलाने का भरोसा बीआईएस राजस्थान को दिलाया, वहीं शर्मा ने कहा कि पीएमएआर संबद्ध उद्योगों में प्लास्टिक उत्पादों के निर्माण के लिए भारतीय मानकों के अनुरूप प्रक्रिया अपनाने का पूरा प्रयास करेगा। डॉ. अग्रवाल एवं श्री गर्ग ने भी मानकीकरण के लिए संगठनों की परस्पर एकजुटता पर बल दिया। कार्यक्रम में प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक संगठनों के 100 से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुए।
इस अवसर पर उद्योग जगत से आए प्रतिनिधियों ने मानकीकरण के कारण गुणवत्ता संवर्धन, बेहतर उत्पादन, बिक्री और छवि निर्माण के क्षेत्र में होने वाले फायदों से जुड़े अपने अनुभव यहां साझा किए। कार्यक्रम में शामिल लोगों ने मानकीकरण में योगदान देने, दैनिक जीवन में मानकों के उपयोग को बढ़ावा देने एवं मानकीकृत और प्रमाणित उत्पाद खरीदने की शपथ भी ली। इस अवसर पर बीआई राजस्थान द्वारा प्रतिभागियों के साथ मानक विकास, अनुरूपता मूल्यांकन, गुणवत्ता नियंत्रण, ई- बीआईएस आदि विषयों पर गहन जानकारी साझा की गई।