कताई मिल की भूमि पर औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की उद्यमियों की मांग जल्द ही पूरी होने जा रही है। इसके साथ इस नए औद्योगिक क्षेत्र के विस्तार का भी निर्णय लिया गया है।
ऐसे में कताई मिल की 89 एकड़ भूमि के साथ इसके पीछे खाली पड़ी कोतवाल खाते की भी 61 एकड़ भूमि जोड़कर औद्योगिक क्षेत्र विकसित होगा। इस पर करीब 250 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इस मामले में कमिश्नर की ओर से गठित छह सदस्यीय टीम ने शनिवार को मौके पर निरीक्षण किया। नक्शे की मदद से पूरे क्षेत्र का मुआयना किया गया। यूपीएसआईडीए के आरएम राकेश झा, जिला उद्योग केंद्र उपायुक्त दिपेंद्र कुमार, मेडा से ऑफिसर ऑन स्पेशल ड्यूटी रणवीर सिंह, तहसीलदार के साथ चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज और लघु उद्योग भारती के पदाधिकारी परतापुर कताई मिल पर पहुंचे।
टीम ने कताई मिल के पीछे कोतवाल खाते की भूमि का निरीक्षण किया। चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष विजेंद्र अग्रवाल ने बताया कि टीम द्वारा नपाई सहित अन्य प्रक्रिया पूरी कर कमिश्नर को रिपोर्ट भेजी जाएगी। लघु उद्योग भारती के संभाग सचिव राजकुमार शर्मा ने बताया कि वर्ष 2018 से चल रही मांग पर मुख्यमंत्री योगी ने भी कताई मिल में औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की स्वीकृति दे दी है।