देश की अर्थव्यवस्था में 45 प्रतिशत योगदान 6 करोड़ लघु उद्यमियों का है। अमेरिका की जनसंख्या हमसे कम है, लेकिन बेरोजगारी यहां से ज्यादा है। लघु उद्योगों का विकास और बेहतर तरीके से होता है तो देश के युवाओं के पलायन को भी रोका जा सकेगा। एमएसएमई का बजट भी 450 करोड़ रुपए से बढ़कर 2100 करोड़ कर दिया गया है। इससे हमारे जैसे छोटे उद्यमियों को राहत मिलने की संभावना बढ़ी है। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सह सरकार्यवाह डॉ. कृष्णगोपाल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लघु उद्यमों को प्रोत्साहित करने का भरोसा दिलाया है। रविवार को गोविंदपुरा औद्योगिक क्षेत्र में लघु उद्योग भारती के प्रदेश कार्यालय के लोकार्पण के अवसर पर उद्यमियों ने स्वदेश से अपने विचार साझा किए। उद्यमियों का कहना था कि मुख्यमंत्री ने कृषि-फूड आधारित उद्योग लगाने पर उद्यमियों को 5 हजार रुपए प्रति कर्मी दस वर्ष तक देने की घोषणा से ग्रामीण अंचल के युवाओं में उत्साह बढ़ेगा। मॉटगेज लोन पर स्टाम्प ड्यूटी की माफी का लाभ किसानों के साथ साथ लघु उद्यमियों को देने के लिए सरकार योजना बना रही है, जबकि फायर एनओसी में आने वाली कठिनाइयों के सरलीकरण को लेकर दिसंबर में विधानसभा में नया कानून लेकर आ रहे हैं। सरकार के इस निर्णय से सभी उद्यमियों में आत्मविश्वास और भरोसा बढ़ेगा। अखिल भारतीय अध्यक्ष-लघु उद्योग भारती के घनश्याम ओझा ने कहा कि प्रदेश में 80 लाख सूक्ष्म और लघु उद्योग हैं, जिनको विकसित करके रोजगार की बड़ी संभावना है।
यह बोले उद्यमी
हमने सिलबट्टा के नाम से लघु उद्योग शुरू किया। स्वयंसिद्धा से बेहतर प्लेटफॉर्म मिला है। जो मसाले हम तैयार करते हैं, वे सभी हाथ से पीसे जाते हैं: प्रतिमा सिंह, उद्यमी, भोपाल
मुख्यमंत्री ने दोहरे कर को कम करने का कमिटमेट किया है ग्रामीण क्षेत्र में लघु विकसित करने की बात कही है। मल्टी स्टोरी इंडस्ट्री कांसेप्ट भी अच्छी पहल रहेगी। लघु उद्यमियों को इसका लाभ मिलेगा: सोबरन सिंह तोमर, अध्यक्ष-मध्य भारत
हम जूट के प्रोडक्ट बनाते है, अभी इन प्रोडक्टस को बड़े ब्रांड बहुत ज्यादा दाम में विक्रय करते है। जबकि हमने घर से ही चार युवतियों को साथ लेकर कार्य शुरू किया है। अच्छा रिस्पांस मिल रहा है: कविता मालवीय उद्यमी, भोपाल
मुख्यमंत्री ने महिलाओं के लिए अच्छी घोषणा की है। महिला कर्मियों को सरकार 5 हजार और उद्योग से 8 हजार रुपए वेतन मिलेगा तो उनको एक बेहतर राशि मिल सकेगी: आभा तोमर, अध्यक्ष-महिला इकाई