लघु उद्योग भारती की फरीदाबाद इकाई द्वारा स्थापना दिवस समारोह उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम में संगठन के विस्तार को नई ऊर्जा देते हुए लगभग 30 नए सदस्यों ने सदस्यता ग्रहण की। इस अवसर पर उद्योग, पर्यावरण संरक्षण एवं औद्योगिक विकास से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई।
कार्यक्रम में हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के फरीदाबाद जोन के रीजनल ऑफिसर श्री संदीप सिंह एवं बल्लभगढ़ जोन के रीजनल ऑफिसर श्री हरीश कुमार विशेष रूप से उपस्थित रहे।
श्री संदीप सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि उद्योग देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और सरकार तथा प्रशासन उद्योगों को सशक्त बनाने हेतु निरंतर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने उद्योग प्रबंधकों से पर्यावरणीय मानकों का पालन करते हुए विभाग के साथ सहयोग बनाए रखने का आग्रह किया, ताकि औद्योगिक विकास और स्वच्छ वातावरण दोनों साथ-साथ आगे बढ़ सकें।
उन्होंने कहा कि प्रकृति के अनुरूप विकास ही भविष्य का मार्ग है और सभी वर्गों को पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सामूहिक जिम्मेदारी निभानी होगी। साथ ही उन्होंने आश्वस्त किया कि विभाग उद्योगों की समस्याओं के समाधान तथा औद्योगिक विकास को प्रोत्साहन देने के लिए प्रतिबद्ध है।
इस अवसर पर श्री हरीश कुमार ने कहा कि उद्योग एवं पर्यावरण एक-दूसरे के पूरक हैं। यदि उद्योग निर्धारित प्रदूषण नियंत्रण मानकों को अपनाएं, तो विकास और पर्यावरण संरक्षण दोनों को संतुलित रूप से आगे बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने पर्यावरण सुधार के लिए सभी वर्गों के सहयोग और सकारात्मक इच्छाशक्ति को आवश्यक बताया।
कार्यक्रम में लघु उद्योग भारती फरीदाबाद के प्रधान श्री अमृतपाल कोचर ने संगठन की गतिविधियों एवं उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संगठन सदस्यों की समस्याओं एवं मांगों को सरकार और प्रशासन तक प्रभावी रूप से पहुंचाने के लिए सतत प्रयासरत है। उन्होंने नए सदस्यों के जुड़ने को संगठन की कार्यकारिणी के लिए नई ऊर्जा और जिम्मेदारी का प्रतीक बताया।
संगठन के उपाध्यक्ष श्री गौतम चौधरी ने कहा कि लघु उद्योग भारती देश का एक प्रमुख औद्योगिक संगठन है, जिसकी विभिन्न इकाइयाँ औद्योगिक विकास और उद्यमियों की समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर कार्य कर रही हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम सदस्यों के बीच संवाद और सहयोग को मजबूत करते हैं।
कार्यक्रम में रवि भूषण खत्री, राकेश गुप्ता, सुरिंद बंसल, अनिल प्रताप सिंह, ए.के. चावला, सुरिंद जांगड़ा, श्याम कनकनी, पप्पू जीत सरना एवं संजय अरोड़ा सहित अनेक उद्योग प्रतिनिधियों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।


