(सीजीएसटी) केंद्रीय माल एवं सेवा कर आयुक्तालय, वाराणसी में बुधवार को जीएसटी की नौवीं वर्षगांठ के अवसर पर जीएसटी दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में इंडियन इंडस्ट्रीज असोसिएशन (आईआईए) ने वाराणसी में स्थापित जीएसटी
सीजीएसटी आयुक्तालय में जीएसटी की नौवीं वर्षगांठ पर आयोजित कार्यक्रम में उद्यमियों, कर विशेषज्ञों ने रखे सुझाव
ट्रिब्यूनल को अविलंब क्रियाशील किए जाने की मांग उठाई। इस अवसर पर केंद्रीय माल एवं सेवा कर आयुक्त विनीश चौधरी ने कहा कि जीएसटी व्यवस्था में लगातार सुधार और सरलीकरण के प्रयास किए जा रहे हैं। सरलीकृत रिफंड प्रणाली के तहत अधिकांश उद्यमियों और व्यापारियों के लगभग ९० प्रतिशत रिफंड का शीघ्र निस्तारण किया जा रहा है। वाराणसी में जीएसटी ट्रिब्यूनल की स्थापना हो चुकी है और यह शीघ्र ही अपना कार्य प्रारंभकरेगा। उन्होंने बताया कि उद्यमियों और व्यापारियों के सहयोग से पिछले आठ वर्षों में जीएसटी संग्रह लगभग दोगुना हो गया है। आईआईए के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आर. के. चौधरी ने सीजीएसटी अधिकारियों की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि विभाग की सहयोगात्मक कार्यप्रणाली से व्यापारियों को अनावश्यक कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़ता। उन्होंने आयकर विभाग की तर्ज पर जीएसटी
व्यवस्था को भी पूरी तरह फेसलेस बनाने की मांग की, जिससे पारदर्शिता और सुगमता बढ़ेगी। चार्टर्ड अकाउंटेंट जी.डी. दुबे ने जीएसटी अधिनियम की सराहना
पर बल दिया। कार्यक्रम के अंत में अपर आयुक्त पीयूष शुक्ला ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर आईआईए के राष्ट्रीय कार्यसमिति सदस्य राजेश भाटिया, राष्ट्रीय सचिव
जीएसटी दिवस पर उद्यमियों ने उठाई समयबद्ध रिफंड की मांग
केंद्रीय माल एवं सेवाकर (सीजीएसटी) आयुक्तालय, वाराणसी में जीएसटी की 9वीं वर्षगांठ पर जीएसटी दिवस आयोजित किया गया। इस अवसर पर लघु उद्योग भारती के प्रदेश सचिव राजेश कुमार सिंह ने उद्यमियों बृजेश गुप्ता और प्रशांत गुप्ता के साथ सीजीएसटी आयुक्त विनीत चौधरी का अंगवस्त्र पहनाकर स्वागत किया तथा संगठन की मासिक पत्रिका उद्योग टाइम्स भेंट की। राजेश कुमार सिंह ने कहा कि आयकर रिटर्न की तरह वार्षिक जीएसटी रिटर्न दाखिल होने के एक सप्ताह के भीतर पात्र उद्यमियों को जीएसटी रिफंड मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि समय पर रिफंड न मिलने से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों की कार्यशील पूंजी प्रभावित होती है, जिससे कारोबार पर प्रतिकूल असर पड़ता है। उन्होंने सरकार से रिफंड प्रक्रिया को सरल और समयबद्ध बनाने की मांग की। कार्यक्रम में विनीत चौधरी, पीयूष शुक्ला सहित विभागीय अधिकारियों एवं बड़ी संख्या में उद्यमियों ने भाग लिया।
करते हुए कहा कि कानून अच्छा है, लेकिन इसके प्रभावी क्रियान्वयन में अभी और सुधार की आवश्यकता है। वहीं, रामनगर इंडस्ट्रियल एतसोसिएशन के अध्यक्ष दयाशंकर मिश्र ने जीएसटी और सीजीएसटी विभागों के समन्वय की आवश्यकता
अनुपम देव, डिविजनल चेयरमैन प्रशांत अग्रवाल, डिविजनल सचिव मनीष कटारिया, अध्यक्ष पंकज अग्रवाल, प्रशांत गुप्ता, नीरज पारीख, जीएसटी अधिकारी, चार्टर्ड अकाउंटेंट तथा टैक्स प्रैक्टिशनर्स उपस्थित रहे।


