लघु उद्योग भारती जोधपुर प्रान्त प्रतिनिधिमण्डल ने रविवार को महाराष्ट्र के कौशल विकास, उद्यमिता एवं नवाचार मंत्री मंगलप्रभात लोढा के जोधपुर आगमन पर उनका अभिनन्दन किया। जोधपुर प्रान्त अध्यक्ष महावीर चौपड़ा ने बताया कि इस दौरान लोढा को राजस्थान की उद्योगों से संबंधित विभिन्न नीतियों और योजनाओं और जोधपुर प्रान्त द्वारा संचालित कौशल विकास केन्द्रों के विषय मे जानकारी दी गई। साथ ही पश्चिमी राजस्थान के सबसे बड़ी औद्योगिक प्रदर्शनी "पश्चिमी राजस्थान उद्योग हस्तशिल्प उत्सव" के तर्ज पर महाराष्ट्र में भी इस प्रकार के मेले के आयोजन करने को लेकर विचार विमर्श किया गया। चौपडा ने बताया कि यह मेला स्थानीय कारीगरों और हस्तशिल्पियों को मंच प्रदान करने और उनके उत्पादों को व्यापक रूप से खरीददारों तक पहुंचाने का एक सशक्त प्लेटफॉर्म बन चुका है। इस मौके मंगलप्रभात लोढा ने कहा कि पश्चिमी राजस्थान उद्योग हस्तशिल्प उत्सव की सफलता ने हमें प्रेरित किया है कि हम महाराष्ट्र में भी इस प्रकार के मेले का आयोजन करना चाहते है। इस प्रकार के आयोजन से महाराष्ट्र के विभिन्न क्षेत्रों से जुडे कारीगरों व शिल्पकारों को एक मंच पर लाकर पारपंरिक हस्तशिल्पियों और उनके उत्पादों को बड़े पैमाने पर प्रदर्शित कर विपणन किया जा सके जिससे स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि यह महाराष्ट्र की सांस्कृतिक धरोहर को भी आमजन को रूबरू करवाएगा। साथ ही इस मेले के आयोजन से न केवल विभिन्न उत्पादों व उनके शिल्पकला प्रदर्शित की जाएगी बल्कि इससे जुड़ी शिक्षा, प्रशिक्षण और नये रोजगार के अवसर भी उपलब्ध होंगे। उन्होने भविष्य मे महाराष्ट्र मे इस मेले के सफ ल आयोजन के लिये लघु उद्योग भारती जोधपुर प्रान्त के सदस्यों को भी महाराष्ट्र आने का न्यौता दिया। प्रदेश उपाध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने कहा कि यह मेला राज्य के लिये एक आर्थिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण होगा बल्कि यह विभिन्न सांस्कृतिक विविधताओ को एक साथ लाने का एक बेहतरीन अवसर प्रदान करेगा। इस अवसर पर वरिष्ठ पत्रकार पदम मेहता व विनोद शर्मा, प्रान्त सचिव पंकज लोढा, बोरानाडा इकाई अध्यक्ष राजेन्द्र सालेचा, मण्डोर इकाई अध्यक्ष पूनमचंद तंवर, सचिव दिनेश सोनी कार्यकारिणी सदस्य दीनदयाल बाहेती उपस्थित रहे।