संगठन जहां समाधान है – लघु उद्योग भारती किशनगढ़ प्रकाशन स्रोत: दैनिक भास्कर, किशनगढ़ | दिनांक: 25 मई
पहले मानी गई अपात्र, अब पाई पात्रता – लघु उद्योग भारती के प्रयासों से मिला न्याय
किशनगढ़ की प्रतिष्ठित इकाई संगम ग्रेनी मार्बल को मुख्यमंत्री लघु उद्योग प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत मिलने वाले ब्याज अनुदान से वंचित कर दिया गया था।
विभाग और बैंक ने इसे वर्किंग कैपिटल लोन मानते हुए योजना में अपात्र करार दिया था।
लेकिन —
लघु उद्योग भारती किशनगढ़ इकाई के मुकेश अग्रवाल और उमेश गोयल द्वारा उठाए गए विषय को जब संगठन के अखिल भारतीय संगठन मंत्री, आदरणीय श्री प्रकाश जी तक पहुंचाया गया, तो उन्होंने मामले को गंभीरता से लिया और श्री महेन्द्र मिश्रा जी को विभागीय समन्वय की ज़िम्मेदारी दी।

